" ज़िन्दगी, तुम्हारे लिए!: मैं लखनऊ हूँ...

मंगलवार, 27 फ़रवरी 2018

मैं लखनऊ हूँ...

हर अदा में हमारी, इस शहर का मिजाज़ है,
हर सल्तनत के सर पे सादगी का हिजाब है,
नफ़ासत के साथ यहाँ मौशिकी भी रहती है,
तहज़ीब से तराशा ये लखनऊ लाजवाब है।
















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